भास्कर अपडेट्स: जवाहरलाल नेहरू की पुण्यतिथि आज, खड़गे और सोनिया गांधी ने समाधि स्थल पहुंचकर श्रद्धांजलि दी

20 मिनट पहले

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भारत के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू की आज यानी सोमवार (27 मई) को 60वीं पुण्यतिथि है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी नेहरू की पुण्यतिथि पर उनके समाधि स्थल शांति वन पहुंचीं। दोनों ने नेहरू को श्रद्धांजलि अर्पित की। जवाहरलाल नेहरू का आज ही के दिन 1964 में 74 साल की उम्र में निधन हो गया था।

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न्यूजीलैंड के पास मौजूद टोंगा आइलैंड में भूकंप, रिक्टर स्केल पर तीव्रता 6.4

न्यूजीलैंड के पास मौजूद टोंगा आइलैंड में आज सुबह (27 मई) को 2:17 बजे भूकंप के झटके महसूस किए गए। रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 6.4 मापी गई। टोंगा 176 आइलैंड का एक समूह है। सुनामी का अलर्ट जारी नहीं किया गया है। संयुक्त राष्ट्र (UN) के मुताबिक, टोंगा ओशिनिया का हिस्सा है।​​​​​​​

उत्तर प्रदेश के बड़ौत के अस्पताल में आग, फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियां मौके पर

उत्तर प्रदेश के बड़ौत में सोमवार सुबह एक अस्पताल में आग लग गई। आग की सूचना मिलने पर फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। आग बुझाने का काम अभी जारी है। फिलहाल किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। फायर ब्रिगेड के अधिकारी ने बताया कि आग लगने के कारण का अभी पता नहीं चल पाया है। जांच के बाद पूरी जानकारी सामने आएगी।

भारतीय नंबर दिखाने वाली इंटरनेशनल फर्जी इनकमिंग कॉल पर रोक, दूरसंचार विभाग का टेलीकॉम कंपनियों को निर्देश

केंद्र सरकार ने टेलीकॉम कंपनियों को भारतीय मोबाइल नंबर दिखाने वाली इंटरनेशनल फर्जी इनकमिंग कॉल पर रोक लगाने का निर्देश दिया है। दूरसंचार विभाग ने कहा कि कॉलिंग लाइन आइडेंटिटी में हेरफेर कर विदेश से फोन किए जाते हैं और नंबर भारतीय दिखते हैं। इससे लोग अपराध और ठगी का शिकार हो रहे हैं।

सेना प्रमुख जनरल मनोज पांडेय का एक महीने का एक्सटेंशन, 30 जून तक पद पर बने रहेंगे

लोकसभा चुनाव के बीच केंद्र सरकार ने एक असमान्य कदम उठाते हुए थल सेना प्रमुख जनरल मनोज पांडेय को एक महीने का सेवा विस्तार दे दिया। अब वह 30 जून तक पद पर बने रहेंगे। जनरल पांडेय 31 मई को रिटायर होने वाले थे।

1970 के दशक की शुरुआत में ऐसा पहला उदाहरण दिखा था। तब तत्कालीन इंदिरा गांधी सरकार ने सेना प्रमुख जनरल जीजी बेवूर को एक साल का सेवा विस्तार दिया था। इससे तत्कालीन ले. जनरल प्रेम भगत सेना प्रमुख बने बिना रिटायर हो गए थे जबकि उनके (जनरल बेवूर) बाद उन्हें शीर्ष पद पर नियुक्त होना था।